
नेमरा (रामगढ़):मुख्यमंत्री हेमन्त सोरेन गुरुवार को अपने दादा जी यानी शहीद सोबरन सोरेन के 68 वें शहादत दिवस पर पहुंचे और जैसे ही उन्होंने मंच संभाला, माहौल में इतिहास, जोश और अपडेट का तड़का लग गया।
सीएम बोले, झारखंड वीरों की धरती है, यहां की मिट्टी में बलिदान की खुशबू है, और अब इसमें विकास की खुशबू भी घुल रही है।” मंच से मुख्यमंत्री ने ऐलान किया कि अब सरकार गांव के दरवाज़े तक पहुंचेगी, ताकि जनता को दफ्तरों के चक्कर न काटने पड़ें और दलालों की दुकानें ठंडी पड़ जाएं!उन्होंने कहा कि अब सरकारी योजनाओं की “गठरी” सीधे घर-आंगन में पहुंच रही है — जैसे ठंड में रजाई! “हमारी सरकार गांवों से चलती है, रांची हेड क्वार्टर से नहीं,” सीएम हंसते हुए बोले।मुख्यमंत्री ने बताया कि सरकार के एक साल पूरे होने पर 10 हजार से ज्यादा युवाओं को नियुक्ति पत्र मिल रहे हैं। साथ ही स्वरोज़गार की दिशा में भी कदम बढ़ रहे हैं — “नौकरी नहीं मिली तो खुद का बॉस बनने का मौका तो है ही!” उन्होंने कहा।महिलाओं की तारीफ करते हुए बोले, “अब झारखंड की आधी आबादी अपने पैरों पर खड़ी हो चली है — और सरकार भी इनके साथ कंधे से कंधा मिला रही है।”कार्यक्रम में विधायक ममता देवी, अधिकारी और बड़ी संख्या में ग्रामीण मौजूद रहे। माहौल जोशिला था, और गांव-गांव में अब चर्चा — “सरकार अब सचमुच दरवाज़े तक आ रही है, बस चाय तैयार रखिए

