
तरहसी प्रखंड के प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र तरहसी में बंध्याकरण एवं नसबंदी करने के दौरान कई ऐसे मरीजों को बिना प्रिंटेड इंजेक्शन भैल दवा दिया गया मामला का खुलासा बृहस्पतिवार कई मरीजों को ऑपरेशन करके डिस्चार्ज करने के बाद जब अपने घर पहुंचते हैं और उसका दूसरा दिन निजी डॉक्टर के द्वारा इंजेक्शन को देने की बात कही जाती है तो भैल इंजेक्शन में उत्पादन तिथि और उपयोग समाप्त तिथि किसी भी प्रकार का प्रिंटेड नहीं होता है तब परिजनों के मन में कई तरह के सवाल खड़ा होते हैं, क्या दवा एक्सपायर तो नहीं है । या डॉक्टर के द्वारा दवा प्रिंटेड को मिटाया तो नहीं गया है । कंपनी प्रिंटेड किया या नहीं किया । मरीज के परिजनों पेशकार साव अरका पंचायत निवासी अपने बहू संगीता देवी को बंध्याकरण कराया गया था दूसरा केश्वर कुमार टरिया पंचायत निवासी अपने पत्नी के बंध्याकरण करवाया था जिसका खुलासा हॉस्पिटल में पहुंच कर अस्पताल कर्मियों से शिकायत करने के दौरान इस सूचना सिविल सर्जन अनिल कुमार सिंह तक पहुंच गया जबकि इसी महीना में तरहसी प्रखंड के प्लस टू उच्च विद्यालय तरहसी प्रखंड स्तरीय स्वास्थ्य मेला का आयोजन में कई ऐसे एक्सपायर दवा पाया गया था जिसे जांच राज्य स्तरीय एवं जिला स्तरीय टीम को गठित करके जांच की जा रही थी एक जांच का मामला खुलासा नहीं हुआ लेकिन दूसरा मामला खड़ा हो गया सूचना मिलते ही पलामू सिविल सर्जन पहुंचे प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र तरहसी

, निरीक्षण की और दि निर्देश सिविल सर्जन अनिल कुमार सिंह ने बताया की एक्सपायर दवा होम्योपैथिक की थी इसके लिए जिला आयोग चिकित्सा पदाधिकारी के जिम्मेवारी होता हैं यदि मरीज को दवा दी जा रही है तो दवा देने के पहले तीन-चार चीजों का ध्यान रखना चाहिए दवा कंपनी का है, दवा में डेट है या नहीं ,दवा कब बना यह सब सारी चीज देखकर के मरीजों का दवा देना चाहिए,। इस मामला को हम लोग संज्ञान में लिए हैं जो भी दोषी पाए जाते हैं उन पर कार्रवाई निश्चित की जाएगी 2. डॉक्टर या NM 20 साल से कार्यरत है जिसके बारे में C S बताया कि स्थानांतरण विभाग के द्वारा किया जाता है जो हमारे यहां से चिट्ठी हर साल बनाकर भेज दी जाती है और जांच किया जाएगा जांच करने के बाद विभाग को चिट्ठी भेजेंगे और जो गलत पाया जाता है तो उनके ऊपर कारवाई की जाएगी यहां पर इस अस्पताल में री सफल करने की आवश्यकता है जो जिला स्तर का होगा ओ जिला से होगा,और जो राज स्तरीय होगा उसके लिए राज्य को अनुशंसा किया जाएगा इस अस्पताल में 10 12 सीसीटीवी कैमरा एक हफ्ते के अंदर लगवा दिया जाएगामैने देखा कि इसमें जो भी कमियां है ओ दुरुस्त किया जाएगा सीसीटीवी कैमरा नही है जो कि दिन रात में असमाजिक तत्व भी आते है और हल करते है ,तो अपनी सुरक्षा के लिए अपने सिस्टम के लिए कैमरा होना अति आवश्यकता है बीपीएम को निर्देशित करूंगा कि प्रभारी से आर्डर लेकर के दस दिन के अंदर कैमरा लगवा दिया जाएगा और जो डॉक्टर इस अस्पताल में प्रतिनियुक्ति किया गया है यदि डॉक्टर की जगह पर दूसरा कुर्मी ओपीडी करते हैं तो डॉक्टर के ऊपर कार्रवाई जरूर की जाएगी

